रतलाम जिले की ताल तहसील के मेलूखेड़ी गांव में ग्रामीण इन दिनों दहशत में हैं वजह है की गांव के समीप बह रही चम्बल नदी में किसी उधोग पति द्वारा बहाया गया हजारों लीटर केमिकल फैक्ट्री के इस जहरीले केमिकल की वजह से समीप बह रही चम्बल नदी पूरी तरह से लाल होकर इस नदी का पानी जहरीला हो गया है जो पीने लायक नहीं रह गया हैं,,सबसे बड़ा खतरा यहां पानी पीने वाले मवेशियों को है जो जहरीला पानी पीने के बाद कभी भी उनकी मौत हो सकती है।
यही नही समीप ही थाना बरखेड़ा क्षेत्र के सैकड़ों नागरिक इस नदी में नहाने के साथ इसका पानी उपयोग करते हैं । ग्रामीणों ने चर्चा में बताया कि चंबल नदी में नागदा स्तिथ फैक्ट्री ग्रासिम उधोग से ही उक्त केमिकल आने की सम्भावना है क्या रतलाम जिले का जागरूक जिला एवं पुलिस प्रशासन उक्त फैक्ट्री के खिलाफ FIR दर्ज कर कार्रवाई करेगा क्योंकि यह हजारों लाखों लोगों के जीवन और पर्यावरण से संबंधित गंभीर मामला है।
कौन है चम्बल नदी का दुश्मन, किसने बहाया हजारों लीटर केमिकल, ग्रामीणों में दहशत का माहौल
