रतलाम/भोपाल। मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार में ऊर्जा मंत्री पारस जैन पर कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि उन्होंने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए अपनी बेटी और बहू की कंपनी को फायदा पहुंचाया। कांग्रेस ने सरकार पर सवाल उठाते हुए मंत्री के इस्तीफे की मांग की है। वहीं बीजेपी विपक्ष के आरोपों को निराधार बता रही है।
आरोपों के मुताबिक पारस जैन ने अपने परिवार की इन्फिनिट एनर्जी सोल्यूशन्स को ऊर्जा विकास निगम से उज्जैन संभाग में रूफ टॉप सोलर प्लांट लगाने के लिए करोड़ों के ठेके दिलवाए हैं। इतना ही नहीं इंदौर डिविजन में रूफ टॉप सोलर प्लांट लगाने के लिए मध्य प्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड इंदौर में कंपनी का इम्पेनलमेंट करवाया गया। खास बात ये है कि मंत्री की बेटी और बहू की कंपनी इंफिनिट एनर्जी सोल्यूशन्स को ठेका देने के लिए ऊर्जा विकास निगम की ओर से बीते साल 25 जून को जारी किए गए रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल टेंडर को कैंसिल करवा दिया क्योंकि इसमें उनकी बेटी और बहू की कंपनी शामिल नहीं हो पाई थी। इंफिनिट कंपनी का प्रदेश के सेल्स टैक्स डिपार्टमेंट में 19 जुलाई 2016 को टीन नंबर का रजिस्ट्रेशन होने के बाद ऊर्जा विकास निगम की ओर से 4 दिन बाद ही यानि 23 जुलाई 2016 को फिर से टेंडर जारी किया, लेकिन इंफिनिट कंपनी के डाक्यूमेंटस पूरे न होने के कारण निगम को टेंडर को लेट करने के लिए दो बार कॉरिजेंडम जारी किए गए। इसके बाद नए नियमों के तहत अप्रैल 2017 में इंफिनिट को 4 से 10 मेगावाट के रूफ टॉप सोलर प्लांट लगाने के लिए एल-1 में सिलेक्ट करते हुए 350 किलोवाट के प्रोजेक्ट दिए गए। इस पूरे मामले के सामने आने के बाद मंत्री पारस जैन ने मीडियाकर्मियों को बताया कि इन्फिनिट एनर्जी सोल्यूशन्स को नियमों के तहत ही ठेका दिया गया है, इसमें कहीं कुछ गलत नहीं हुआ है।
