रतलाम/ जिले के नामली थाना क्षेत्र में 14 मार्च शुक्रवार की देर शाम पुलिस थाना नामली द्वारा शांति समिति की बैठक आहूत की गई थी जिसमें जनप्रतिनिधियों ने अपनी उपेक्षा के शिकार होते देख बैठक का बहिष्कार कर चले गए। सूत्र बताते हैं कि 6 मार्च को भी शांति समिति की बैठक रखी थी लेकिन उसमें भी कुछ चंद लोग ही पहुंच पाए थे। जनप्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि थाना स्टाफ द्वारा कुछ चंद लोगों को बुलाकर शांति समिति की बैठक आहूत कर ली जाती है जबकि शांति समिति का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में होने वाले त्योहारों को मद्देनजर सौहार्द पूर्ण वातावरण बनाने के लिए होती है। जिसमें सभी जनप्रतिनिधि व सभी समुदाय के मुख्य प्रतिनिधी की उपस्थित होना चाहिए। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश भरावा ने भी इस संबंध में पुलिस अधीक्षक से चर्चा की है। स्मरण रहे की नामली में हाल ही में दो-तीन दिन पूर्व ही नवागत थाना प्रभारी किशोर पाटन वाला की नियुक्ति हुई है वह भी इस बैठक में हुए हंगामे को लेकर चिंतित थे और उन्होंने थाना स्टाफ से शांति समिति में बुलाने के लिए बनाए गए रजिस्टर व अन्य जानकारी हासिल की बैठक में एसडीओपी भी उपस्थित थे लेकिन हंगामे को देख वह भी वहां से निकल गए।
