खबर पक्की: नई दिल्ली, एफ-16 विमान के गिराए जाने की बात को पाकिस्तान एक ओर आसानी से हजम नहीं कर पा रहा है दूसरी ओर उसकी दिक्कत यह भी है कि अगर वह इस बात को मानता है तो अमेरिका के साथ उसके संबंध और खराब हो सकते हैं। अमेरिका ने ही इन विमानों को पाकिस्तान को दिए थे। लेकिन इस डील की शर्त थी कि पाकिस्तान इन विमानों का इस्तेमाल किसी देश के खिलाफ नहीं करेगा, बल्कि सिर्फ आतंकी गतिविधियों के खिलाफ ही करेगा। अब पाकिस्तान अपनी इस हरकत की वजह से हैरान भी और परेशान भी। क्योंकि एफ-16 विमान मिग-21 की तुलना में काफी उन्नत है लेकिन भारतीय पायलट अभिनंदन ने मिग-21 से ही एफ-16 लड़ाकू विमान मार गिराया था। लेकिन इस कार्रवाई के दौरान अभिनंदन का मिग 21 विमान हवा से जमीन पर आ गया था और वह अब पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में पहुंच गए जहां उनको गिरफ्तार कर लिया गया। लेकिन जेनेवा संधि और चारो ओर से पड़े अंतरराष्ट्रीय दबाव के चलते पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने गुरुवार को संसद में कहा कि अभिनंदन को सद्भाव के तौर पर शुक्रवार को रिहा किया जाएगा। लेकिन पाकिस्तान की दिक्कत यह है कि अगर वह एफ-16 के इस्तेमाल की बात को मानता है तो अमेरिका की नाराजगी झेलनी पड़ सकती है और इसका असर उसको मिलने वाली मदद पर भी पड़ सकता है। इस समय वैसे भी अमरेरिका के साथ उसके संबंध ठीक नहीं चल रहे हैं।
