रतलाम/भोपाल। प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर मानसून पूर्व की गतिविधियों के तहत तेज हवा चलने और बौछारें पडऩे से भीषण गर्मी से कुछ राहत मिली है। लेकिन वातावरण में नमी बढऩे से उमस ने सताना शुरू कर दिया है।
मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक वर्तमान में मप्र और मप्र से लगे उत्तरप्रदेश पर चक्रवात बना हुआ है। इससे वातावरण में नमी आ रही है। साथ ही अरब सागर से भी कुछ नमी आने का सिलसिला शुरू हो गया है। जिसके चलते मानसून पूर्व की गतिविधियां बढ़ गई हैं।
इससे प्रदेश के अधिकांश जिलों में दिन के अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज हुई है। इसी क्रम में प्रदेश में सबसे अधिक तापमान श्यौपुरकला में 46 डिग्रीसे. दर्ज हुआ, वहां लू भी चली। इसी तरह खजुराहो में 44.2, गुना और दमोह में 44, खरगोन में 43.5, ग्वालियर और राजगढ़ में 43.4, भोपाल और जबलपुर में 42.5 और इंदौर में 39.4 डिग्रीसे. तापमान दर्ज किया गया।
श्योपुर में फिर चढ़ा पारा, 46 डिसे पर पहुंचा
देश के दक्षिणी-पूर्वी राज्यों में मानसून ने समय से पहले दस्तक दे दी है। मैदानी इलाकों में अभी कई क्षेत्र भीषण गर्मी की चपेट में हैं। पश्चिमी हवाओं के चलते ग्वालियर चंबल अंचल में नौतपा के अगले ही दिन गर्मी के तेवर एक बार फिर तीखे हो गए। प्रदेश में सर्वाधिक 46 डिग्री सेल्सियस तापमान श्योपुर में दर्ज किया गया।
हालांकि बढ़ोतरी एक डिसे की है। दतिया में भी दिन का तापमान 3 डिसे बढ़कर 44.5 दर्ज किया गया। ग्वालियर में भी पारा दो डिसे बढ़ा है। यहां दिन का तापमान 43.4 डिसे दर्ज किया गया। भिंड में तापमान एक डिसे गिरकर 42 डिसे रहा।
मध्यप्रदेश में गर्मी से कुछ राहत मिली, सता रही उमस
