देवास, बागली। इंदौर-नेमावर राष्ट्रीय राजमर्गा पर चापड़ा से 7 किमी की दूर बसे मालवांचल के प्रसिद्ध जैन तीर्थ शिवपुर में रात 2 बजे के आसपास 12 से 15 नकाबपोश व्यक्तियों ने डकैती डाली। वे यहां से बहुमूल्य मूर्तियां, दानपेटी और अन्य कीमती सामान ले गए। डकैतों के हमले में चौकीदार देवीसिंह घायल हुआ है उसे उपचार के लिए बागली लाया गया है। घटना सीसीटीवी में कैद हो गई। बताया जा रहा है कि अष्टधातु की प्रतिमा पास के खेत में मिली है।
देवास जिले में स्थित शिवपुर ना केवल मालवा निमाड़ बल्कि पूरे देश के जैन धर्मावलंबियों का आस्था का केंद्र है। इसकी स्थापना मालव तीर्थोद्धारक श्री वीररत्न विजय जी महाराज सा. द्वारा की गई थी जो चातुर्मास हेतु अभी इंदौर में पद्मभूषण श्री आचार्य रत्नसुन्दर सूरीश्वर जी महाराज साहब के साथ रेसकोर्स रोड पर विराजित हैं।
चूंकि श्वेताम्बर जैन धर्म का 8 दिवसीय महापर्व पर्युषण चल रहा है इसलिए सभी जैन तीर्थ और मंदिरों में भगवान की मूर्तियों को विशेष साज सज्जा और सामग्री से सजाया जाता है जिसे आंगी रचना कहते हैं। शिवपुर में भी सारे मंदिरों में आंगी रचना की हुई थी और डकैतों ने वहां तीर्थ पर उपस्थित कर्मचारियों को मारपीट कर घायल किया और लूटपाट मचाई।
जिसमें सोने चांदी और अन्य बहुमूल्य धातुओं की बनी मूर्तियां और अन्य सामग्री लूट ली गई। समाज के लोगों में रोष को देखते हुए देवास से पुलिस अधीक्षक एवं अन्य आला अधिकारी घटना स्थल पहुंचे हैं। इंदौर से भी जैन धर्मावलंबी शिवपुर पहुंचे रहे हैं।
देवास के पास प्रसिद्ध जैन तीर्थ शिवपुर में डकैती, मूर्तियों समेत कई सामान चोरी
