• Thu. Sep 24th, 2026

कलेक्टर की E पास व्यवस्था निर्णय कठोर लेकिन उद्देश्य पवित्र है इसलिए स्वीकार है: जनता। इमानदार को तकलीफ नहीं बेईमान की खैर नहीं SP

BySurendra Jain

May 22, 2021

खबर पक्की : 22 मई रतलाम, उद्देश्य अगर पवित्र है तो आदमी कठोर से कठोर निर्णय भी स्वीकार कर लेता है। यही कारण है कि कलेक्टर कुमार पुरषोत्तम का जिले में लागू किया गया E पास सिस्टम लोगों ने सहजता से स्वीकार कर लिया है और इसी कारण रतलाम शहर सहित जिले के लगभग सभी कस्बों व गांवों में आज से लागू ई पास व्यवस्था के मद्दे नजर इक्का-दुक्का लोग ही सड़कों पर नजर आये यह भी वे लोग थे जिनके पास पास है और जरूरी काम से बाहर निकले थे। वैसे भी आज जिला कलेक्टर एसपी दोनों ने स्पष्ट कर दिया की मेडिकल इमरजेंसी मैं किसी भी वाहन या व्यक्ति को रोका नहीं जाएगा लेकिन इस इमरजेंसी की आड़ में किसी धोखा देने वालों को छोड़ा भी नहीं जाएगा। इस E पास व्यवस्था पर लोगों ने मिश्रित प्रतिक्रियाएं दी है रिटायर्ड इंजीनियर और होम्योपैथी डॉक्टर डॉक्टर सोहन सिंह चौहान ने कहा कि इस निर्णय से लोगों को थोड़ा तकलीफ जरूर होगी लेकिन कलेक्टर का उद्देश्य पवित्र है और उनका एकमात्र लक्ष्य जिले मैं आउट ऑफ कंट्रोल हो चुके कोरोना को कंट्रोल में लाना है लेकिन हर आदमी सक्षम नहीं होता और गर्मी का मौसम होने से 10 दिन की सब्जी भी कोई स्टोर करके नहीं रख सकता अतः राशन पानी सब्जी फल फ्रूट के वितरण की पुख्ता व्यवस्था हो जाए तो इस सख्ती से कोई दिक्कत नहीं। कांग्रेस नेता समाजसेवी अनिल झालानी ने कहा कि इस निर्णय से जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन को क्या फायदा जो कुछ भी किया जा रहा है जनता के हित के लिए किया जा रहा है। अतः इस निर्णय को स्वीकार कर प्रशासन का सहयोग करना चाहिए। रिटायर्ड बैंक कर्मी सूर्य प्रकाश दवे ने कहा कि प्रशासन ने जो भी निर्णय लिया है ठीक लिया होगा लेकिन जो आदमी कोरोना से बचने और इम्यून सिस्टम को मजबूत रखने के लिए स्वास्थ्य कारणों से मॉर्निंग वॉक पर निकलता है उसके साथ सख्ती नहीं की जाना चाहिए वह कोरोना फैलाने में नहीं कोरोना को रोकने में योगदान दे रहा है। कॉलोनाइजर राजेंद्र पितलिया और अनिल पीपाड़ा ने भी जिला प्रशासन के इस निर्णय को कड़वी कुनेन बताते हुए उम्मीद की है 31 मई तक कोरोना नियंत्रण में आ जाएगा और जिला सामान्य स्थिति में बहाल हो जाएगा इसी प्रकार ग्राम धराड़ के पशुपालक तेजराम पाटीदार ने कलेक्टर के इस निर्णय की तारीफ की और कहा कि निश्चित रूप से इससे कोरोना कंट्रोल में आएगा लेकिन उन्होंने चेतावनी दी कि 1 जून के बाद भी अगर शादी ब्याह धार्मिक कार्यक्रमों और मौत घात में भीड़ इकट्ठा होगी तो यह फिर रफ्तार पकड़ लेगा अतः जब तक सबको टीका नहीं लग जाए भीड़भाड़ वाले प्रोग्राम नहीं होना चाहिए। इसी प्रकार इलेक्ट्रॉनिक व्यवसाय प्रकाश लोढ़ा, बिल्डर हितेश व्यास, रिकवरी एजेंट प्रेम पंड्या ने भी कलेक्टर के इस कठोर निर्णय की तारीफ की लेकिन उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक टीकाकरण के लिए भी कलेक्टर को राज्य शासन से टिके प्राप्त कर जिले के शत-प्रतिशत टीकाकरण की मुहिम चलाना चाहिए तो ही भविष्य अच्छा होगा।

error: Content is protected !!