खबर पक्की, 31 अगस्त, रतलाम । 3 सितम्बर से 5 सितम्बर तक मध्यप्रदेश अनाज, दलहन, तिलहन, व्यापारी महासंघ के आव्हान पर मंडी प्रांगण में आने वाली कृषि उपज पर मण्डी शुल्क समाप्त करते हुए न्यूनतम सुविधा शुल्क 0.50 नया पैसा सैकड़ा दिए जाने हेतु रतलाम का व्यापारी जगत भी हड़ताल पर रहेगा।
ज्ञातव्य है कि केन्द्र सरकार द्वारा माडल मण्डी एक्ट लागू करने के साथ- साथ पूरे देश में मण्डी शुल्क समाप्त कर दिया गया है । किन्तु मध्यप्रदेश सरकार द्वारा मण्डी प्रांगण में आने वाली कृषि उपज के विपणन पर मण्डी शुल्क लागू है । इस कारण मण्डी प्रांगण के बाहर व्यापार करने पर कोई मण्डी शुल्क लागू नहीं है । वहीं दूसरी और प्रांगण में होने वाले विपणन पर 1.70 पैसे सैकड़ा मण्डी शुल्क लगने से कृषि उपज की लागत बढ़ जाने के साथ-साथ प्रांगण के अन्दर और बाहर भारी असमानता हो जाने से कृषक और व्यापारी इससे सभी प्रभावित हो रहे है तथा केन्द्र सरकार द्वारा किसान हितैषी उद्देश्य से जो मॉडल मण्डी एक्ट लागू किया गया है वह निष्फल हो रहा है । यदि राज्य सरकार मण्डियों के संचालन हेतु 0.50 नया पैसा सैकड़ा सुविधा शुल्क लागू करते हुए मण्डी शुल्क समाप्त कर दे तो इससे प्रदेश के कृषक बंधुओं, व्यापारी बंधुओं एवं आम उपभोक्ताओं को भारी राहत एवं लाभ प्राप्त होगा एवं कृषि उपज महंगाई की मार से भी मुक्त होगी।
उक्त बात भारसाधक अधिकारी, कृषि उपज मंडी, रतलाम को पत्र भेंज की । साथ ही यह भी अवगत कराया है कि व्यापारियों द्वारा 3 से 5 सितम्बर तक महासंघ के आव्हान पर रतलाम मंडी व्यापारियों उनका समर्थन किया जा रहा है । अत: कृषक भाई अपना माल उक्त दिवस अवधि में मंडी ना लाएं। उक्त जानकारी दि ग्रेन एण्ड सीड्स मचेन्ट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष सुरेन्द्र चत्तर, सचिव वर्धमान बर्डिया, अभय सेठिया, कांतिलाल चौपड़ा, कैलाशचन्द्र माहेश्वरी, अभय वोरा, हेमकांत दवे, सतीश जैन, मनोज जैन, डॉ. बी.एल. मेहता, आदि एवं मंडी युवा व्यापारी संघ अध्यक्ष दिलीप मेहता, संघर्षशील लहसुन प्याज मंडी युवा व्यापारी संघ अध्यक्ष निलेश बाफना , प्रकाश जाधव, रवि पाटीदार ने दी ।
3 से 5 सितम्बर तक मंडी व्यापारियों की रहेगी प्रदेशव्यापी हड़ताल
