खबर पक्की: 3 अगस्त ररतलाम के पुराने कलेक्टोरेट सभागृह पर 1 अगस्त से प्रारंभ विश्व स्तनपान सप्ताह के संबंध में मीडिया कार्यशाला का आयोजन किया गया । कार्यशाला में जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास विभाग सुनीता यादव ने बताया कि विभाग द्वारा स्तनपान के लाभ की जानकारी एवं सामुदायिक जागरूकता के लिए 1 अगस्त से 7 अगस्त तक विश्व स्तनपान सप्ताह मनाया जा रहा है। अभियान में गर्भवती एवं धात्री माताओं को स्तनपान संबंधी परामर्श दिया जा रहा है ।
कार्यक्रम में शिशु के जन्म के 1 घंटे के भीतर स्तनपान, छ: माह तक केवल स्तनपान, छ: माह बाद पूरक पोषाहार, दो वर्ष तक स्तनपान जारी रखने की सलाह दी जा रही है। उन्होंने बताया कि स्तनपान से मां और बच्चा हमेशा स्वस्थ रहता है और बीमारियों से लड़ने की ताकत बढ़ जाने के कारण बीमारियों का खतरा बहुत कम हो जाता है मां का दूध पीने वाले बच्चे बहुत बुद्धिमान होते है। न्यूट्रिशनल इन्टरनेशनल के आशीष पुरोहित ने बताया कि रतलाम जिले में 85 प्रतिशत से अधिक संस्थागत प्रसव होने के बावजूद शीघ्र स्तनपान की दर केवल 19.5 प्रतिशत ही है जिसके लिए काफी प्रयास करना होंगे । स्वस्थ भारत प्रेरक भावना अरोरा ने बताया कि मां का पहला गाढा दूध शिशु के लिए पहला टीका है, यह रोगों से लडने की क्षमता रखता है और मां-बच्चे में स्नेह स्थापित करता है । इसमें सभी आवश्यक पोषक तत्व विद्यमान होते हैं, इसलिए हर बच्चे के लिए अनिवार्य है ।
स्वास्थ्य विभाग के आशीष चौरसिया ने बताया कि स्तनपान संबंधी व्यवहारों को अपनाने से शिशु मृत्यु दर में 13 प्रतिशत तक की कमी तेजी से लाई जा सकती है। सहायक संचालक अंकिता पंडया ने बताया कि आगामी मंगल दिवस कार्यक्रमों में महिलाओं को फ्रेंडशिप बेल्ट बांधकर जागरूकता लाई जाएगी। कार्यक्रम में सीडीपीओ सहित सुपरवाईजर प्रेरणा तोगडे, डिप्टी मीडिया अधिकारी सरला कुरील, सुपरवाईजर एहतेशाम अंसारी एवं अन्य मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे
