उज्जैन। नगर निगम द्वारा बनाई गई रत्नाखेड़ी कपिला गौशाला में कुप्रबंधन के कारण कुछ गायों की मौत हो गई थी। बुधवार सुबह इसे लेकर महापौर मीना जोनवाल, एमआईसी सदस्य और भाजपा पार्षद के साथ वहां पहुंची और अपने ही अधिकारियों के खिलाफ धरने पर बैठ गईं।
बताया जा रहा है कि गौशाला में कर्मचारियों की कमी है, निगम आयुक्त ने स्वच्छता सर्वेक्षण में शहर को स्टार रेटिंग दिलाने के लिए वहां से कर्मचारियों को हटाकर स्वच्छता अभियान में लगा दिया है। रत्नाखेड़ी गौशाला में आवारा मवेशी पकड़कर रखे जाते हैं।
गायों की देखरेख करने के लिए कम लोग होने की वजह से इस दौरान यहां लगभग 20 गायों की मौत हो गई। जब महापौर को इसकी जानकारी मिली तो वे खुद ही मौके पर पहुंची और निगम आयुक्त प्रतिभा पाल के खिलाफ धरने पर बैठ गईं।
