खबर पक्की, 10 जुलाई, रतलाम। लिफ्ट लगाने के नाम पर 10 लोगों के साथ लाखों रुपए की धोखाधड़ी का मामला गुरुवार को सामने आया है। पुलिस ने धोखाधड़ी करने वाले इंदौर की केन्स एलेवेटर्स एंड इंजीनियर्स प्रायवेट लिमिटेड के प्रो. प्रा. मनीष पिता सत्यनारायण गुप्ता निवासी वीनस पार्क लेंड वेजलपुर रोड अहमदाबाद (गुजरात) के खिलाफ 420 का केस दर्ज कर मामला जांच में लिया है।
मामला शहर के माणकचौक थाना अंतर्गत का है। शहर के पोरवाड़ों का वास ओझाखाली निवासी अश्विन मूणत ने रिपोर्ट दर्ज कराई है।
रिपोर्ट में बताया कि उनकी नाहरपुरा रतलाम में अश्विन टेलिकाम नाम से मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान है। वर्ष 2024 में नाहरपुरा में मेरी दुकान के उपरी हिस्से में मकान का निर्माण करवाया था। जिसमें ऊपरी फ्लोर पर जाने के लिए लिफ्ट की आवश्यकता थी। इस कारण मैंने इंदौर की केन्स एलेवेटर्स एंड इंजीनियर्स प्रायवेट लिमिटेड के प्रो.प्रा. मनीष पिता सत्यनारायण गुप्ता दुकान में लिफ्ट लगवाने के लिए संपर्क किया।
एडवांस रुपए लिए
गुप्ता ने दुकान पर आकर लिफ्ट लगाने के लिए 7 लाख 20 हजार रुपए का बोला। इनके द्वारा एडवांस रुपए देने को कहा। 11 मार्च 2024 अश्विन के पिता अनोखीलाल मूणत के यूनियन बैंक के लोन खाता से 3 लाख 54 हजार रुपए केन्स एलेवेटर्स एंड इंजीनियर्स प्रायवेट लिमिटेड के यस बैंक के खाता में ट्रांसफर किए थे। इसके बाद मनीष गुप्ता को कई बार फोन किए जाने व दुकान में लिफ्ट लगाने का बोला लेकिन दुकान में ना तो लिफ्ट लगवाई और न ही मेरे रुपए वापस किए।
इन लोगों से भी ली राशि
अश्विन ने पुलिस को बताया कि बाद में जानकारी मिली कि मनीष गुप्ता द्वारा रतलाम शहर के मनोज गुप्ता निवासी शास्त्री नगर, निलेश चाणोदिया निवासी नौलाईपुरा, लोकेश व्यास निवासी सखवाल नगर, मयंक पाठक निवासी पैलेस रोड़, मनोज परमार मेसर्स गरबा टेक्सटाईल्स शहर सराय, अनिल मूणत निवासी जैन कॉलोनी, जयंत जैन निवासी हनुमान रूण्डी, तुषार पोरवाल निवासी पोरवाड़ो का वास, आयुष कोठारी निवासी चौमुखी पुल रतलाम के साथ भी मनीष गुप्ता द्वारा लिफ्ट लगाने के नाम पर धोखाधड़ी कर रूपए ले लिए। हालांकि इन लोगों से कितनी राशि ली है अभी सामने नहीं आया है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। अश्विन के साथ रिपोर्ट करने धोखाधड़ी के शिकार हुए तुषार पोरवाल निवासी पोरवाड़ो का वास व मनोज गुप्ता निवासी शास्त्री के साथ पहुंच कर घटनाक्रम बताया। इसके बाद पुलिस ने धारा 420 में केस दर्ज किया।
सीएसपी सत्येंद्र घनघोरिया ने बताया कि लिफ्ट लगाने के नाम पर लाखों रुपए की धोखाधड़ी की गई। केस दर्ज कर मामला जांच में लिया है।
