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मानदेय रुकने से आक्रोश, जूनियर डॉक्टरों ने शुरू की हड़ताल, आपातकालीन सेवा जारी, डीन को दिया अल्टीमेटम-जल्द भुगतान नहीं तो काम पूरी तरह बंद

BySurendra Jain

Apr 1, 2026

खबर पक्की, 1 अप्रैल, रतलाम। डॉ. लक्ष्मीनारायण पांडेय शासकीय मेडिकल कॉलेज के पीजी रेजिडेंट्स (जूनियर डॉक्टरों) ने 1 अप्रैल (बुधवार) से हड़ताल शुरू कर दी है। हड़ताल का कारण पिछले तीन माह से स्टाइपेंड (मानदेय) नहीं मिला है। तीन दिन में अगर उन्हे स्टाइपेंड की राशि नहीं मिलती है तो वह पूरी तरह से अपना काम बंद कर देंगे। अभी केवल आपातकालीन सेवा वह दे रहे है।
सोमवार को इन्होंने मेडिकल कॉलेज में डीएन डॉ. अनिता मूथा को पत्र लिख समस्या से अवगत कराया था। तीन में राशि नहीं मिलने पर बुधवार से हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी। सुबह से सभी पीजी रेजिडेंट्स एक जगह एकत्र हुए। मेडिकल कॉलेज परिसर में धरने पर बैठ हड़ताल पर चले गए है। इसके पहले डीन डॉ. अनिता मूथा से मुलाकात की।
तीन दिन के अंदर राशि दी जाए
तीन दिन के अंदर राशि नहीं मिलने पर मेडिकल कॉलेज में किसी भी प्रकार से काम नहीं करने की चेतावनी दी है। डीन ने आश्वास्त किया है जल्द राशि मिलेगी। इस दौरान मेडिकल कॉलेज के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की गई। कॉलेज प्रशासन के हाय-हाय के नारे डीन के चैंबर के बाहर लगाए।
मेडिकल कॉलेज में करीब 175 स्टूड़ेंट पीजी (पोस्ट ग्रेज्युट) रेजिडेंट्स के रूप में है। जो कि डॉक्टरों के साथ मरीजों को देखना, ओपीडी में अपनी सेवा देना आदि काम करते है। इन्हें सैलरी नहीं मिलती है। स्टाइपेंड की राशि मानदेय के रूप में मिलती है। जिससे इनका खर्च चलाते है। पिछले तीन माह से इन्हें यह राशि नही मिली है।

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