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किसान आंदोलन से पहले मंडियों में उमड़ी भीड़, 60 गांव संवेदनशील

BySurendra Jain

May 31, 2018

मंदसौर। जिले में गुरुवार शाम से अलर्ट जारी हो गया। पांच एसएएफ की कंपनियां भी पहुंच गई हैं। इसके अलावा दंगानिरोधी पांच वज्र वाहन भी जिले में एसडीओपी मुख्यालयों पर भेजे गए हैं। इधर, सब्जी बाजार में सुबह भीड़ लगी रही। टमाटर 10 से बढक़र 20 रुपए किलो कर दिया। आलू के दाम 30 रुपए किलो तक लिए गए।
एबी रोड पर जाम लगा
देवास। थोक मंडी में खरीदारी के लिए भीड़ उमड़ी। इस दौरान एबी रोड पर जाम लग गया। थोक मंडी के बाद फुटकर व्यापारियों ने अपने हिसाब से दाम बढ़ाकर बेचे। मंडी में सबसे सस्ता कद्दू रहा, जो पांच रुपए में एक किलो मिला। गिलकी, भिंडी जैसी सब्जियां 40 से 50 रुपए किलो तक बिकीं। छोटे आम 40 और 60 रुपए किलो बिके। सुबह 7 बजे से लेकर दोपहर 12 बजे तक थोक मंडी में भीड़ रही। कलेक्टर डॉ. श्रीकांत पांडेय और एसपी अंशुमानसिंह ने प्रेसवार्ता में कहा-यदि कोई माहौल बिगाडऩे की कोशिश करता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
400 जवानों की अतिरिक्त तैनाती
रतलाम। प्रशासन द्वारा जिले में 60 गांवों को संवेदनशील के रूप में चयन किया गया। जिले में 400 जवानों की अतिरिक्त तैनाती की गई है, वहीं 180 रिजर्व है। 80 चार पहिया वाहन अधिगृहित किए गए हैं। उधर, कांग्रेस की किसान कलश यात्रा का 1 जून को सुबह 11 बजे ग्राम धराड़ में स्वागत किया जाएगा।
फोर्स की तैनाती का प्लान
उज्जैन। आंदोलन के पहले दिन पुलिस ने फोर्स की तैनाती का प्लान बना लिया है। इंदौर, देवास, आगर, बडग़र और नागदा-जावरा रोड पर सुबह 4.30 बजे से ही पुलिस बल की तैनाती कर दी जाएगी। प्रशासन का दावा है कि दूध-सब्जी की किल्लत नहीं आने दी जाएगी।
अन्य किसान संगठन की दूरी
नीमच। अधिकृत रूप से अब तक भारतीय किसान यूनियन ने किसान आंदोलन का आह्वान किया है, जबकि अन्य किसान संगठन इससे दूरी बनाए हैं। पहले दिन शहर में दूध, सब्जी और कृषि उत्पाद की आवक स्वत: रुकेगी।
मिल्क पावडर का स्टोरेज
शाजापुर। दावा है कि 25 हजार लीटर व एक हजार किलो मिल्क पावडर का स्टोरेज कर लिया गया है। आंदोलन पर पुलिस की तगड़ी व्यवस्था रहेगी। सिंहस्थ जैसा ही पहरा रहेगा और हर संदिग्ध पर नजर रहेगी। पूरे जिले में 19 स्थान चिन्हित किए गए हैं, जहां 10 दिन चेक पोस्ट स्थापित की जाएगी।
दिनभर बैठकों का दौर
धार। प्रशासन ने दिनभर पुलिस और प्रशासन के मैदानी अधिकारियों की बैठक ली। इसमें किस तरह से अप्रिय स्थिति से निपटा जाए, उसको लेकर हिदायत दी गई है।
बुरहानपुर। सभी केला उत्पादक किसान मौन समर्थन के तहत कलेक्टर को ज्ञापन देकर अपनी बात रखेंगेे।
किसान नहीं ला सकेंगे बैलगाड़ी
झाबुआ। जिले में गुस्र्वार से एडीएम एसपीएस चौहान ने धारा 144 के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश जारी कर दिए हैं। आदेश में साफ किया गया है कि किसान आंदोलन में किसान बैलगाडियों से नहीं आ पाएंगे। हाथी, ऊंट या बैल लाने पर रोक लगाई गई है।
दूध लाने वाले वाहनों को पुलिस सुरक्षा मुहैया कराई जाएगी।गुस्र्वार को सांसद कांतिलाल भूरिया पेटलावद क्षेत्र पहुंचे और किसानों से चर्चा की। कांग्रेस इस आंदोलन को समर्थन दे रही है।
खंडवा। गांव की सरहदों पर बैठकर किसान प्रतिनिधि ग्रामीणों को दूध-सब्जी शहर में नहीं ले जाने की अपील करेंगे।

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