खबर पक्की : 18 मई रतलाम, ०1 मई से 9 जून तक शिक्षकों को शासन ने ग्रीष्मावकाल में विश्राम अवकाश दे रखा है। लेकिन शिक्षा विभाग के अधिकारी कर्मचारी शिक्षकों का शोषण कर रहे है तथा प्रतिदिन नये आदेश निकाल कर धमकी भी दी जा रही है। कि यदि कार्य नही करोगे तो समस्त जवाबदेही आपकी होगी तथा आपका नाम वरिष्ठ कार्यालय को भेजा जावेगा।वेक्सिनेशन,मूंग वितरण,मध्यान्ह भोजन का गेंहू चावल उठाना आय व्यय की जानकारी देना शाला की रंगाई पुताई करना जैसे कई कार्य शिक्षकों को दिए जा रहे है साथ ही इस भीषण गर्मी में प्रशिक्षण दिए जा रहे है।शिक्षक परेशान है काम केआदेश भी बिना सक्षम अधिकारी के ही दिये जा रहे है,कभी सूचना सीधे व्हाट्सपनंबर पर डाल दी जाती है,कभी फोन पर मौखिक सूचनाओ से बी आर सी सी,बी ई ओ काम का दबाब शिक्षको पर बना रहे है।यदि इस अवकाश अवधि मे काम करवाया जा रहा है तो सक्षम अधिकारी से आदेश। जारी हो जिसमे इस अवधी मे काम करने के बदले में अर्जित अवकाश दिए जायेगा स्पष्ट लिखा होना चाहियेगा । यह मांग मध्यप्रदेश शिक्षक संघ के तहसील अध्यक्ष सरमेश परमार ,ब्लाक अध्यक्ष गोपाल उपाध्याय,जिला पदाधिकारी विजय यादव ,जितेन्द्र सिंह चौहान, ने की। तथा एक
पत्र भी रतलाम ज़िलाधीश महोदय के नाम लिखा ।
सेकड़ो शिक्षक साथीयो ने मांग कि की 15 दिन का अर्जित अवकाश सक्षम अधिकारी जिलाधीश महोदय स्वीकृत कर सकते है अतः जो भी आदेश हो सक्षम अधिकारी के अनुमोदन के उपरांत ही जारी हो।
