सिंगरौली। पुलिस ने ऐसे शख्स को पकड़ा है, जो नकली क्राइम ब्रांच अफसर बनकर लोगों से वसूली करता था। पिछले चार साल से ये फर्जी पुलिस अफसर लोगों को डरा धमकाकर वैसे वसूल रहा था। लेकिन एक शिकायत के आधार पर पुलिस ने उसे जाल बिछाकर पकड़ लिया। फर्जी पुलिस अफसर बने आरोपी के बैग में पुलिस की वर्दी, नेम प्लेट एवं वर्दी बरामद हुई है।
पुलिस ने बताया कि, गत 13 मई को फरियादी राम नरेश शाह ने कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराया था कि सूरज धुर्वे नाम का शख्स खुद को क्राइम ब्रांच का अफसर बता कर पैसों की मांग कर रहा था, उसने बकायदा वर्दी पहन रखा है और उसकी वर्दी पर सूरज धुर्वे नाम का नेमप्लेट भी लगा है। फरियादी के अनुसार उसे पूरा विश्वास है कि वह कोई अधिकृत पुलिस अफसर नही है। फर्जी पुलिस अफसर की सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आई और शातिर फर्जी पुलिस अफसर को बरगवां रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया। तलाशी लेने पर उसके पास से पुलिस की वर्दी नेमप्लेट बरामद हुई। पूछताछ के दौरान वो बार-बार पुलिस को गलत नाम बता रहा था। जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ कि तो उसकी पहचान भगवान दास पनिका पुत्र रामलाल के रुप में हुई।
एएसपी शेंडे ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी आदतन अपराधी है और फर्जी अफसर बनकर 2015 से वसूली का काम कर रहा है और जबलपुर, सतना, नरसिंहपुर में फर्जी पुलिस अफसर बन वसूली करते दबोचा भी गया। वो ऐसे मामलों में कई बार जेल भी जा चुका है। 2018 में एक महिला और ड्राइवर के साथ मिलकर वसूली के आरोप में नरसिंहपुर पुलिस ने इसे जेल भेजा था, जो तकरीबन 8 माह की सजा काटने के बाद रिहा हुआ और सिंगरौली जिले में ऐसी वारदातों को अंजाम देने लगा।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह बचपन से ही पुलिस अफसर बनना चाहता था, लेकिन नहीं बन पाने की वजह से इस तरह वो अपने सपने को पूरा करने लगा।
बचपन से था पुलिस अफसर बनने का सपना, नहीं पूरा हुआ तो वर्दी पहनकर करने लगा ये काम
