नई दिल्ली: मध्यप्रदेश सरकार की एक बड़ी मुश्किल को केंद्र सरकार ने हल कर दिया है। किसान आंदोलन के बाद मध्यप्रदेश सरकार द्वारा समर्थन मूल्य पर खरीदा गया प्याज केंद्र सरकार खरीदने को राजी हो गया है। केंद्र ने मध्यप्रदेश से 2 लाख टन प्याज खरीदने का निर्णय लिया है।
देश के दूसरे सबसे बड़े प्याज उत्पादक राज्य मध्य प्रदेश में प्याज के थोक दाम 6 रुपए प्रति किलो के निचले स्तर तक आ गए हैं। इसके पीछे अहम कारण फसल वर्ष 2016-17 में प्याज की पैदावार ज्यादा होना है। कृषि मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि हमने मध्यप्रदेश से बाजार हस्तक्षेप योजना के तहत दो लाख टन प्याज खरीद की अनुमति दी है।
अधिकारी ने कहा कि यह खरीद एमपी-मार्कफेड ने शुरू भी कर दी है। इसमें अच्छी और सामान्य गुणवत्ता की प्याज के लिए 5,867 रपये प्रति टन का भाव तय किया गया है। साथ ही 1,467 रुपए या वास्तविक राशि में से जो कम होगी, वह अतिरिक्त खर्च के तौर पर प्रति टन के हिसाब से दी जाएगी। यह निर्णय ऐसे समय आया है जब मध्यप्रदेश में किसान कृषि जिंसों के दाम में नरमी के कारण आंदोलन कर रहे हैं। साथ ही न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ाये जाने तथा कर्ज माफी की मांग कर रहे हैं।
