खबर पक्की, 23 मई, रतलाम। बकरीद से पहले गोवंश हत्या और तस्करी पर रोक लगाने की मांग को लेकर शनिवार दोपहर विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे और नारेबाजी करते हुए तहसीलदार रामचंद्र पांडे को ज्ञापन दिया।
ज्ञापन में कहा गया कि अन्य राज्यों की तुलना में मध्यप्रदेश में गोवंश तस्करी और हत्या के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। राजस्थान और महाराष्ट्र सरकार ने गौ माता को ‘राज्यमाताÓ का दर्जा दिया है।
इसी तरह मध्यप्रदेश में भी गो माता को राज्यमाता घोषित किया जाए। साथ ही गौचर भूमि पर हुए अतिक्रमण को हटाने की मांग भी की गई।
पुलिस-प्रशासन पर लापरवाही का आरोप
ज्ञापन में कहा गया कि कुछ राज्यों में गौवंश हत्या रोकने के कानून कमजोर हैं, लेकिन मध्यप्रदेश में सख्त कानून होने के बावजूद पुलिस-प्रशासन के लचर रवैये, लापरवाही और कथित मिलीभगत के कारण गौवंश तस्कर सक्रिय हैं। संगठन ने कहा कि ऐसी स्थिति में गौरक्षकों को अपनी जान जोखिम में डालकर सड़कों पर उतरना पड़ता है, जो चिंता का विषय है।
मुस्लिम समाज से भी सहयोग की अपील
संगठन ने ज्ञापन में कहा कि कई मुस्लिम उलेमाओं ने भी गौकशी का विरोध किया है, इसके बावजूद बकरीद से पहले ऐसी घटनाओं में पिछले कुछ वर्षों में वृद्धि देखी गई है। इसलिए मुस्लिम समाज के विद्वानों, नेताओं और वरिष्ठ लोगों को भी अपने समाज में जागरूकता लाने के प्रयास करने चाहिए।
संगठन ने कहा कि हिंदू समाज गोवंश रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और किसी भी कीमत पर गोवंश हत्या या तस्करी नहीं होने दी जाएगी।
ये रहे मौजूद
इस दौरान मालवा प्रांत गोरक्षा प्रमुख जगदीश धाकड़, जिला अध्यक्ष राधेश्याम रावल, जिला मंत्री गौरव शर्मा, जिला संयोजक मुकेश व्यास, जिला सहसंयोजक आशु टाक, जिला सह गोरक्षा प्रमुख लाखन सिंह कच्छावा, जिला सह गोरक्षा प्रमुख गनी शक्तावत, जिला सह विद्यार्थी प्रमुख कृष्ण भामा, साप्ताहिक मिलन प्रमुख नीरज सतवानी, हर्षित सहित अन्य जिला और प्रखंड पदाधिकारी मौजूद रहे।
एमपी में गोमाता को राज्यमाता दर्जा देने की मांग, बकरीद के पहले गो हत्या और तस्करी रोकने अपील; कलेक्ट्रेट पहुंचे विहिप कार्यकर्ता
