खबर पक्की : 3 दिसंबर रतलाम, आगामी 22 दिसंबर 2025 को होने वाले जेसी बैंक डायरेक्टर पद के चुनाव के लिए पश्चिम रेलवे कर्मचारी परिषद एवं ऑल इंडिया एसटी रेलवे एम्प्लाइज एसोसिएशन ने अपने संयुक्त उम्मीदवार के रूप में विश्वनाथ प्रताप सिंह मीणा को सर्वसम्मति से चयनित किया है।
यह घोषणा गांधी नगर स्थित परिषद कार्यालय में आयोजित संयुक्त बैठक में की गई, जिसमें दोनों संगठनों के सैकड़ों पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे।
एसटी रेलवे एम्प्लाइज एसोसिएशन के जोनल सचिव हरी नारायण मीना ने संयुक्त निर्णय का स्वागत करते हुए इसे संगठनात्मक मजबूती की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। एसोसिएशन की ओर से मंडल अध्यक्ष बाबूलाल मीणा, सचिव कमलेश भाभर, कोषअध्यक्ष विजय गरवाल समेत पदाधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में संघठन महामंत्री शिवलहरी शर्मा ,मण्डल अध्यक्ष मुकेश मीना , मण्डल मंत्री पुष्पेंद्र पाराशर , सहायक महामंत्री प्रशांत पाण्डेय ,सहायक मण्डल मंत्री अनिल ओझा , मीडिया प्रभारी सुजीत शर्मा ,मण्डल कोषाध्यक्ष संजय राठौर , मण्डल कार्यकारि अध्यक्ष जोगेन्दर सिंह राठौर , प्रज्वल पाण्डेय , देवी शंकर मीना, मुकेश गिनोडी , राम फूल मीना,संघठन मंत्री सुरेश कुमार मीना , अनिल उपाध्याय, प्रज्वल पांडे, धर्मेंद्र सैनी, जय शर्मा ,कांति लाल मईडा, मदन लाल , अटल , दिलखुश, रामकेश,ST एसोसिएशन उपाध्यक्ष पुनीराम मीना , मुनेश , राकेश , घनश्याम , ज्ञानसिंह , पुखराज , विनोद , स्वतंत्र मीना , राकेश , रनिंग सचिव रवि मीना , राधेश्याम नपित , राधेश्याम चोटियां , पिंटू लाल , मेघराज , बालकृष्ण ,कमलेश ,घमंडी लाल , दयाराम ,अतर सिंह ,LCC अध्यक्ष हेतराम विश्नोई , नाहरसिंह मीना कण्ट्रोलर,एवं भारतीय मजदूर संघ (BMS/BRMS ) कि इकाई PRKP ओर ST एसोसिएशन के पदाधिकारी एवं सैंकड़ो कर्मचारी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
संगठन महामंत्री शिव लहरी शर्मा ने बताया कि 5 दिसंबर को नामांकन रैली का आयोजन किया जाएगा, जिसमें भारी उत्साह के साथ कार्यकर्ता भाग लेंगे।
सभी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने संयुक्त उम्मीदवार विश्वनाथ प्रताप सिंह की जीत सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास करने का संकल्प लिया और उन्हें अग्रिम बधाई दी। इस संबंध में उम्मीदवार विश्वनाथ प्रताप सिंह से बात की तो उन्होंने कहा की मैं हर कर्मचारी के सहयोग के लिए हमेशा तत्पर रहूंगा सिर्फ इतना ही कह सकता हूं कि जली को आग कहते हैं बुझी को राख कहते हैं और बुझी राख से बने बारूद को विश्वनाथ कहते हैं मुझ में जो सेवा की आग है अगर मेरे बंधुओ ने मौका दिया तो मैं इसको धधकती ज्वाला बना दूंगा।

