खबर पक्की, 2 मई, रतलाम। यूसीमास अबेकस की 19वीं राज्य स्तरीय प्रतियोगिता 27 अप्रैल को द एमरल्ड इंटरनेशनल स्कूल राऊ इंदौर के इनडोर स्टेडियम में सम्पन्न हुई। जिसमें सम्पूर्ण मध्यप्रदेश के 200 यूसीमास शिक्षा केन्द्रों से लगभग 5 हजार प्रतियोगियों ने भाग लिया। प्रतियोगिता में 5 से 13 आयु वर्ग के विद्यार्थियों को 8 मिनट में अंक गणित के 200 सवालों को लिखित में हल करने का लक्ष्य था जिसमें जोडऩा, घटाना, गुणा, भाग के जटिल से जटिल सवालों को हल करने का लक्ष्य था। प्रतियोगिता सुबह 7 बजे से शाम 4 बजे तक 5 राऊण्ड में सम्पन्न हुई, प्रत्येक राऊण्ड में 1000 प्रतियोगियो को शामिल किया गया। वहीं एमरल्ड स्कूल के इनडोर स्टेडियम में दर्शक दिर्घा में प्रत्येक राऊण्ड में 2000 से भी अधिक पालकगण ने अपने-अपने बच्चों को प्रश्न पत्र हल करते हुए प्रत्यक्ष देखा। प्रतियोगिता के परिणाम रात 12 बजे सोशल मीडिया के माध्यम से पालकों को मोबाईल एवं यूसीमास की वेबसाइट के माध्यम से प्राप्त हुए। विजेता रहे प्रतियोगियों को 28 अप्रैल को सुबह 8 बजे से लाभ मण्डपम अभय खेल प्रशाल इंदौर में सम्मानित किया गया। विजेताओं को पुरूस्कार वितरण यूसीमास के संस्थापक प्रोफेसर डॉ. डिनों वांग मलेशिया, यूसीमास मध्यप्रदेश के डारेक्टर मि. नीरज गोयल, श्रीमती अमृता गोयल द्वारा किया गया।
रतलाम यूसीमास विनर वर्ल्ड अबेकस से कुल 105 प्रतियोगियों में 21 प्रतियोगी टॉप फाईव, 40 प्रतियोगी मेरिट विजेता एवं 28 प्रतियोगी कॉन्सोलेशन पुरूस्कार में सम्मानित हुए। रतलाम के यूसीमास विनर वर्ल्ड अबेकस संस्था इस प्रतियोगिता में पिछले सात साल से इस प्रतियोगिता के सबसे अच्छे परिणाम देने वाले सेण्टर है।
प्रखर सोनी – चैंपियन ऑफ़ चैंपियन का खि़ताब जीता जो 5000 बच्चो में से केवल एक को दिया जाता है, जाह्नवी राठोड और देव शिवानी ने मॉडयूल चैंपियन का खि़ताब जीते जो 5000 बच्चो में से केवल तीन बच्चो को दिया जाता है। इसके अलावा सान्वी जैन, निवान मालपानी तथा श्रेष्ठा साकरिया चैंपियन बने, दर्शील जैन,दीप्ती सोनी,मूसा खान फर्स्ट रनर अप, चारवी बाफना, इवान ताम्रकार, लक्ष्य वोहरा सेकेन्ड रनर अप, आध्या मिश्रा, अनय कटारिया, अरहम गादिया थर्ड रनरअप, प्रिशा मित्तल, प्रियल पाटीदार, गीत कटारिया फोर्थ रनर अप, भाग्यश्री टाक, वैदिक टाक, सूर्यांश पंड्या फिफ्थ रनर अप रहे। एकेडमी डायरेक्टर एवं रतलाम यूसीमास कोर्स इंस्टक्टर राज बासु ने बताया की सभी बच्चो ने इस तरह का रिजल्ट तभी संभव होता है जब बच्चे एक लगन से प्रैक्टिस करते है, आज जब हर तरफ बच्चो के मोबाइल फ़ोन के लत से परेशान माता – पिता कम्प्लेन करते है ऐसे वक़्त में बच्चो का मैथ्स कैलकुलेशन का इस तरह का प्रैक्टिस किसी संजीविनी बूटी से काम नहीं है। राज बासु सभी पालकगण तथा सभी विजेताओं को ढेर सारी बधाई एवं उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दी।
सात साल से लगातार मध्य भारत के सबसे बड़े मेन्टल मैथ्स कम्पटीशन में रतलाम के बच्चो का जलवा कायम!, प्रखर सोनी बने प्रतियोगिता के चैंपियन ऑफ़ चैंपियन
