नई दिल्ली। अपनी मांगों को लेकर किसान एक बार फिर सड़क पर आने को तैयार हैं और इस बार सिर्फ सरकार ही नहीं बल्कि आम आदमी भी इसका खामियाजा भुगतेगा। दरअसल, पंजाब में सहकारी बैंकों का कर्ज ना चुका पाने के कारण किसानों पर पंजाब सरकार की तरफ से कार्रवाई की बात कही गई है।इसके बाद पंजाब, हरियाणा और हिमाचल के किसानों ने 1-10 जून तक गांव बंद का ऐलान किया है। इनके अलावा मध्यप्रदेश के किसान भी इस आंदोलन की चेतावनी दे चुके हैं। इसके तहत किसान 10 दिनों तक गांव बंद रखेंगे और गांव से दूध, फल सब्जी जैसी कई जरूरी चीजें सप्लाय नहीं करेंगे। इस आंदोलन की अगुवाई राष्ट्रीय किसान महासंघ कर रहा है जिसके तहत देश के 110 किसान संगठन आते हैं। बुधवार को चंडीगढ़ में पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और उत्तर प्रदेश के कई किसान संगठनों से जुड़े किसान नेता इकट्ठे हुए और एग्रीकल्चरल एक्टिविस्ट देवेंद्र शर्मा की अगुवाई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करके ऐलान किया कि 1 जून से लेकर 10 जून तक गांव को पूरी तरह से सील कर दिया जाएगा और किसी को भी गांव से बाहर सामान सप्लाई करने की परमिशन नहीं दी जाएगी।
