खबर पक्की, 5 सितंबर, रतलाम। भारत में हर साल 15 सितंबर को अभियंता दिवस (इंजीनियर्स डे) के रूप में मनाया जाता है। दरअसल, इसी दिन भारत के महान अभियंता और भारत रत्न मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया का जन्मदिन है। वह भारत के महान इंजीनियरों में से एक थे। उन्होंने ही आधुनिक भारत की रचना की और देश को एक नया रूप दिया। उन्होंने इंजीनियरिंग के क्षेत्र में असाधारण योगदान दिया है, जिसे शायद ही कोई भुला पाए। देशभर में बने कई नदियों के बांध और पुल को कामयाब बनाने के पीछे विश्वेश्वरय्या का बहुत बड़ा हाथ है। उन्हीं की वजह से देश में पानी की समस्या दूर हुई थी।
इंजिनियर एसोसिएशन रतलाम विगत 12 वर्षो से सतत इंजीनियर्स डे वृहद रूप से बनाता आ रहा है। अध्यक्ष इंजिनियर अनिल तिवारी एवम विजय सोनी ने बताया की इस वर्ष भी इंजीनियर्स डे मनाया जायेगा तथा स्मारिका का प्रकाशन भी किया जा रहा है। संस्थापक सदस्य सुरेंद्र पोरवाल एवम रामस्वरूप कालानी ने बताया की इस संस्था का मुख्य उद्देश्य नए इंजीनियर्स को पुराने अनुभवी इंजीनियर्स के साथ मिलवाना तथा उन्हें पुराने अनुभवों का लाभ मिले साथ ही पुराने इंजीनियर्स नई टेक्नोलॉजी से रूबरू हो। उन्होंने सभी इंजीनियर्स को इस सस्था से जुड़ने की अपील की है।
कोई भी इंजिनियर अगर अपनी कोई रचना स्मारिका में प्रकाशित करना चाहता है तो दिनांक 09 सितंबर शाम 5 बजे के पूर्व स्मारिका प्रकाशन चेयरमैन इंजिनियर रवि बोथरा के मोबाइल नंबर 9425103278 पर अपनी रचना व्हाट्स एप पर भेजे। चुनिंदा लेख को स्मारिका में प्रकाशित किया जाएगा।
इंजीनियर डे पर इंजीनियर्स एसोसिएशन प्रकाशित करेगा स्मारिका
