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चाकू से महिला की हत्या कर जेवर लूटकर ले गया था, युवक को उम्रकैद की सजा

BySurendra Jain

Nov 1, 2025

खबर पक्की, 1 नवंबर, रतलाम। न्यायालय ने घर में घुसकर महिला की हत्या करने व जेवर लूटने के मामले में अभियुक्त 25 वर्षीय अनिल पंडया पिता गोपीलाल पंडया निवासी नवचेतना कॉलोनी रतलाम को भादंवि की धारा 302 में आजीवन कारावास की सजा सुनाई । साथ ही इस धारा में उस पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी किया गया। फैसला द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश आशीष श्रीवास्?वत ने सुनाया।
मामला यह है कि 22 अप्रैल 2021 की रात करीब 8 से 9.15 बजे के बीच कस्तूरबानगर से लगी सुंदरवन कॉलोनी में घर मे अकेली रहने वाली 55 वर्षीय रामूबाई पत्नी स्व. हरिशंकर जोशी की अज्ञात व्यक्ति ने घर में घुसकर चाकू से वार कर हत्या कर दी थी तथा उनके शरीर पर पहने कई जेवर लूटकर ले गया था। जिला लोक अभियोजन अधिकारी आशा शाक्?यवार ने बताया कि रामूबाई के समधी ने पुलिस थाना औद्योगिक क्षेत्र में सूचना दी थी उनकी समधन (बेटे की सास) रामूबाई सुंदरवन कालोनी में रहती है। उनके पति हरिशंकर की मृत्यु छह माह पहले हो चुकी है। रामूबाई का की दो पुत्री सोनू व पिंकी रतलाम से बाहर रहती है। रामूबाई उनके मकान में नीचे वाले कमरे में अकेली रहती थी तथा उपर वाले कमरे में किरायेदार कमल डाबी निवासी कुंदनपुर (बाजना) अपनी पत्नी ममता के साथ रहता है। रामूबाई खाना बनाने (रसोई) का काम करती थी। उन्हें कॉलोनी के दो युवकों ने घर आकर सूचना दी है कि उनकी समधन रामूबाई की किसी अज्ञात व्यक्ति ने धारदार हथियार से हत्या कर दी है। सूचना पर वे अपनी पत्नी माया के साथ रामूबाई के घर पहुंचे तो रामूबाई खून से लथपथ होकर घर के अंदर मृत पड़ी थी। उनके शरीर पर अनेक जगह धारदार हथियार के वार की चोटे थे। शरीर पर कुछ गहने दिख रहे थे और कुछ नहीं दिख रहे थे। मकान का पीछे का दरवाजा खुला हुआ और सामने का बंद था। पुलिस ने हत्या कर प्रकरण दर्ज कर जांच की तो पता चला कि अभियुक्त अनिल पंडया ने हत्या व लूट की है। इसके बाद 23 अप्रैल 2021 को अनिल को गिरफ्तार कर लिया गया था।
घर ले जाकर छिपा दिए थे जेवर
पुलिस के अनुसार पूछताछ में अभियुक्त अनिल पंडया ने बताया था कि वह कर्ज से परेशान हो गया था तथा उसे कर्ज चुकाने तथा बीसी के रुपयों की किस्त भी जमा करने के लिए रुपयों की जरूरत थी, इसलिए उसने रामूबाई की हत्या कर जेवर लूट लिए थे। लूटे गए जेवर उसने अपने घर ले जाकर छिपा दिए थे। उसके घर से जेवर तथा हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद किया गया था। पुलिस ने विवेचना के बाद उसके खिलाफ न्यायालय में चालान पेश किया था। सुनवाई के बाद न्यायालय ने उसे सजा सुनाई। उसे भादंवि की धारा 449 में भी आजीवन कारावस की सजा व पांच हजार रुपए का जुर्माना तथा भादंवि की धारा 397 में सात वर्ष के सश्रम कारावास की सजा व दो हजार रुपए का जुर्माना से भी दंडित किया गया। सभी सजा साथ चलेगी। प्रकरण में शासन की तरफ से पैरवी विशेष लोक अभियेाजक/एडीपीओ संजय वसुनिया ने की।

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