खबर पक्की, 6 सितंबर, रतलाम। शिक्षा विभाग में मा वि प्रधानाध्यापक से हाई स्कूल प्राचार्य के पद पर उच्च पद प्रभार की सूची में जिले के डेढ़ दर्जन से अधिक प्रधानाध्यापक वंचित हैं।
मध्य प्रदेश तथा वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के प्रति सलाहकार दीपक सुराणा ने बताया कि शिक्षा विभाग की प्रदेशव्यापी नीति के तहत माध्यमिक विद्यालय के प्रधानाध्यापकों को हाई स्कूल प्राचार्य के पद पर उच्च प्रभार प्रदान करने की सूची में कई पात्र प्रधानाध्यापक वंचित रह गए है।
रतलाम जिले के पात्र 19 प्रधानाध्यापकों का नाम सूची से नदारत है। इन प्रधानाध्यापकों ने समय-समय पर अपनी आपत्ति भी वरिष्ठ कार्यालय को प्रेषित की। किंतु इनकी उपेक्षा कर जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय द्वारा 6 सितम्बर को आयोजित काउंसलिंग में मात्र 6 प्रधानाध्यापकों को ही बुलाया।
मध्य प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ एवं मध्य प्रदेश, राजपत्रित प्रधानाध्यापक प्रादेशिक संघ के संयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने वंचित 19 प्रधान अध्यापकों के साथ जिला शिक्षा अधिकारी से भेंट कर जिले के पात्र प्रधानाध्यापकों को उच्च पद प्रभार देने की मांग की।
प्रतिनिधि मंडल में मध्य प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के जिला अध्यक्ष शरद शुक्ला राजपत्रित प्रधान अध्यापक प्रादेशिक संघ के वि_ल बूज, आराधना निगुणकर, फूल सिंह भगोरा, कालू राम परमार, बहादुर सिंह डामोर, शक्ति सिंह डोडियार, सुनील वर्मा, नरेंद्र चौहान,जुल्फिकार अली, महेश सिंगारे, दौलतराम निनामा, कविता डामोर, सुशीला मसीह, शांत खराड़ी, रीता महिला आदि शामिल थे।

