खबर पक्की:30 मार्च, भोपाल, राज्य शिक्षा केंद्र भोपाल के तुगलकी आदेश के कारण छोटे बच्चों पर आफत आ गई है। आदेश के अनुसार कक्षा पहली से आठवीं तक एकीकृत विद्यालय जहां भी है वहां के कक्षा आठवीं के बच्चों के साथ कक्षा पांचवी के बच्चे भी एक ही डाइस कोड होने के कारण परीक्षा देने इस भयंकर गर्मी में 5 किलोमीटर से लेकर 10 किलोमीटर दूर तक परीक्षा देने जाना पड़ेगा अभावग्रस्त ग्रामीण अंचल में आवागमन के साधन नहीं होने से बच्चों को पैदल जाना आना पड़ेगा या इनके पालक परीक्षा के दिन अपनी मजदूरी छोड़कर बच्चों को लाना ले जाना करेंगे ग्रामीण क्षेत्रों में फसल कटाई चरम पर होने से सभी परेशान हो रहे हैं एवं परीक्षा का समय भी 1 अप्रैल से प्रातः 9:00 बजे से 11:30 बजे तक का है अधिकांश स्कूलों की स्थिति यही रहेगी फिर गर्मी का मौसम है ऐसे में तुगलकी निर्णय शासन में बैठे अधिकारी ले लेते हैं जिसका नतीजा बच्चों को भोगना पड़ता है अधिकारियों को ग्रामीण स्तर की समस्या को समझना चाहिए।

