खबर पक्की: 23 अप्रैल रतलाम, पता चला है कि कोविड-19 से संबंधित दवाओं की कालाबाजारी रोकने के लिए रतलाम पुलिस ने भी हेल्पलाइन नंबर जारी किया है अच्छी बात है किंतु यहां एक स्वाभाविक प्रश्न उठता है की सबसे ज्यादा कालाबाजारी रेमेडी सिविर इंजेक्शन की हो रही है लेकिन कालाबाजारीयो को यह इंजेक्शन उपलब्ध कहां से हो रहा है मिल कैसे रहा है क्योंकि बाजार में तो केमिस्ट के पास जो भी माल आ रहा है उसको ड्रग इंस्पेक्टर अपने कब्जे में ले लेती है और उसके द्वारा ही सभी जगह इसका वितरण किया जा रहा है या तो वितरण के दौरान या जिन लोगों को वितरित किया गया है स्वयं उनके द्वारा या जिस अस्पताल में जिस मरीज के लिए दिया गया है उसको इंजेक्शन ना लगाते हुए वहां के स्टाफ द्वारा यह इंजेक्शन कालाबाजारीओ को उपलब्ध कराया जा रहा है या फिर सरकारी मेडिकल कॉलेज में सरकार से प्राप्त इंजेक्शन जिन मरीजों के लिए वितरित किए जा रहे हैं वह इंजेक्शन उनको न लगते हुए वहां के कुछ गड़बड़ स्टाफ द्वारा बाजार में भेजे जा रहे हैं इन सभी संभावनाओं पर विचार करते हुए पुलिस को आगे की व्यूह व रचना कार्रवाई पर विचार करना चाहिए।
