खबर पक्की :13 दिसंबर नई दिल्ली, पंचायत राज अधिनियम में आरक्षण की प्रक्रिया रोटेशन पद्धति से अभी तक होते आई है और अधिनियम भी यही कहता परंतु वर्तमान में 2014 के आरक्षण के मुताबिक चुनाव होने जा रहे हैं और इसको लेकर मध्य प्रदेश से हाई कोर्ट में पिटिशन दायर की गई है। मात्र जिला पंचायत अध्यक्ष का रोटेशन किया जा रहा है जो न्याय संगत नहीं है rotation प्रक्रिया भी बाधित है और 12 वर्षों से एक ही कैटेगरी का सरपंच या जिला जनपद का सदस्य एक जगह नहीं रह सकेगा। कई पंचायतें ऐसी है जहां पर उस केटेगरी का कोई व्यक्ति रहता नहीं है वह आज की सरपंच विहीन है वहां पर भी 12 साल तक सरपंच विहीन पंचायत रहेगी माननीय कमलनाथ ने 1200 नई पंचायतें बनाई थी जिन को विलोपित कर दिया गया है और अध्यादेश ला कर के परिसीमन को निरस्त किया गया है जो न्याय संगत नहीं है इन सब को लेकर सुप्रीम कोर्ट में न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है न्यायालय में इस मामले की कल सुनवाई होगी।
