खबर पक्की : 3 दिसंबर रतलाम, बिजली की रफ्तार से काम कर रहा है रतलाम का राजस्व विभाग इसकी बानगी देखिए कि 16 फरवरी 2005 को एक पक्षीय पास हुए एक ऑर्डर की कॉपी लेकर मुस्लिम पंचान मोचियां का अध्यक्ष तहसीलदार रतलाम की कोर्ट में उपस्थित होता है तहसीलदार रतलाम जैसे उसका ही इंतजार कर रहे होते हैं उससे आदेश की कॉपी लेकर उसी दिन सूचना पत्र टाइप करवा कर हस्ताक्षर कर देते है। सूचना पत्र अजीत पिता झमक लाल लालवानी राइट सर्विस छतरी पुल मस्जिद कंपाउंड रतलाम के नाम का होता है जिसमें उक्त स्थान से 3 तारीख तक अपना अवैध कब्जा हटाने का लेख किया गया है जबकि वास्तविकता मे नोटिस में लिखे गए उक्त अजीत लालवानी का उक्त स्थान पर कभी अवैध कब्जा रहा ही नहीं और न ही पिछले 35 वर्षों से उक्त स्थल पर या उसके आसपास कोई अजीत लालवानी रहा है । वास्तविकता में उक्त स्थान पर पिछले 35 वर्षों से सुरेंद्र जैन भागीदारी फर्म और उसके पश्चात प्रोपराइटर फर्म संचालित कर रहे हैं जिसको पूरा रतलाम जानता है और उन्होंने ही उक्त स्थल पर आने जाने के लिए 31 वर्षों पूर्व पुलिया बनाई थी जो आज सब के सार्वजनिक उपयोग के काम आ रही है। उसके पूर्व उनके पिताजी उक्त स्थान पर अपना व्यवसाय संचालित करते थे। अजीत लालवानी के नहीं मिलने पर उक्त अजीत लालवानी के नाम के सूचना पत्र को खबर पक्की के संपादक सुरेंद्र जैन द्वारा संचालित राइट सर्विस पर उनकी अनुपस्थिति में चस्पा कर दिया जाता है। चस्पा करने आया व्यक्ति यह कहता है की 2 दिन बाद यह जगह मैदान कर दी जाएगी। ताज्जुब की बात यह है कि उक्त जमीन कभी वक्फ की रही नहीं यह जमीन 56,57 से नजूल की चली आ रही है और कब्जे के आधार पर प्रार्थी के पिता रमेश चंद्र पिता भेरुलाल द्वारा सन 1979 में कलेक्टर रतलाम को आवंटन हेतु पत्र दिया था जो आज तक लंबित है और उसके बाद में भी कई पत्र दिए गए है लेकिन कोई निर्णय नहीं किया गया। उक्त पंचान मोचियां द्वारा रतलाम के एक वरिष्ठ मुस्लिम नेता से संपर्क कर ₹5000000 देकर सुरेंद्र जैन से उक्त जगह खाली करवाने के लिए संपर्क किया गया था किंतु सुरेंद्र जैन ने उक्त नेता के घर पर उन्हें साफ मना कर दिया था कि उक्त जमीन नजूल की है और चुकी वक्फ की संपत्ति नहीं है इसलिए वह खाली नहीं करेंगे इसके पूर्व 2017 में एसडीएम रतलाम नेहा भारती की कोर्ट में भी उक्त पंचान मोचियां द्वारा बेदखली के लिए इसी 2005 के वक्फ बोर्ड के आदेश के आधार पर केस लगाया था और जब एसडीएम कोर्ट को सुरेंद्र जैन द्वारा लिखित में यह बताया गया कि उक्त जमीन इनकी ना होकर नजूल की है तो इसी पंचान मोचियां ने अपने अवैध कामों और अवैध कब्जे का भंडाफोड़ होने के डर से तुरंत उक्त केस को sdm कोर्ट से बिना शर्त वापस ले लिया था। अब पुनः जिला प्रशासन द्वारा निरन्तर आम आदमी को पहुंचाये जा रहे नुकसान को देखकर इन्हें लगा कि परिस्थितियां अनुकूल है तो यह उसी 2005 के आर्डर को लेकर एसडीएम से नीचे तहसीलदार कोर्ट में पहुंच गए जिस तहसीलदार कोर्ट में अपने जायज कामों के लिए लोग महीनों और बरसों भटकते हैं वही तहसीलदार कोर्ट मुस्लिम पंचान मोचियां को सर माथे पर बिठाकर बिजली की रफ्तार से काम करती हैं, है ना आश्चर्य की बात। एक आश्चर्य और के उक्त स्थल पर मेरे अलावा 50 ,60 और लोगों के कब्जे है जो लगभग सभी मुस्लिम पंचान मोचियां समाज के है और जिनको उक्त पंचांन मोचियां द्वारा ही उक्त नजूल जमीन पर कब्जे व अवैध निर्माण करवाकर किराया वसूला जा रहा है प्रशासन ऐसे जमीन कब्जाउ माफिया पंचांन कि मदद कर मुझ वैध कब्जे धारी को जिसने विधिवत आवंटन हेतु शासन को पत्र लिखा और शासन की जमीन को सुरक्षित रखते हुए अवैध कब्जों से और अवैध निर्माण से बचाया और बार-बार बताया कि यह आपकी नजूल की जमीन है और मेरा यहां आजीविका का साधन है जिस पर मैं अपना वैध व्यवसाय 40 वर्षों से संचालित करता आ रहा हूं इसे मुझे आवंटित की जाए तो मुझ जैसे सदभाविक पजेशन होल्डर को मदद करने के शासन की मंशा के विपरीत गलत और अवैध कब्जे करवाने वालों अवैध निर्माण कर शासन को हानि पहुंचाने वालों को जिला प्रशासन प्रश्रय दे रहा है। खबर पक्की जिला प्रशासन द्वारा शासन की मंशा के अनुरूप माफिया के खिलाफ कार्रवाई न करते हुए आम आदमी को पहुंचाये जा रहे आर्थिक नुकसान के बारे में लगातार लिखता रहा है यही कारण है कि 15 अक्टूबर तक खबर पक्की को विजयादशमी की हार्दिक शुभकामनाएं लिखने वाले कलेक्टर 19 अक्टूबर को द्वारका रेजिडेंसी की खबर कंक्रीट की सड़क तोड़ने पर कोई खुदा नहीं हो जाता पर इतने नाराज हुए की उन्होंने अपने नंबर पर खबर नहीं भेजने के लिए मुझे लिख दिया और खबर पक्की को आर्थिक नुकसान पहुंचाने के मकसद से उक्त पंचान मोचियां के साथ दूरभी संधि कर उनके पक्ष में और शासन के खिलाफ कार्रवाई करने जा रहे है। जिससे शासन को आवंटन से प्राप्त होने वाले पैसों का आर्थिक नुकसान पहुंचेगा। जिले के सैकड़ों मंदिरों की सैकड़ों एकड़ जमीन लोगों के कब्जे में है उन्हें न छुड़ाते हुए सिर्फ खबर पक्की को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से मुस्लिम पंचान मोचियां के पक्ष में उसको अवैध लाभ पहुंचाने के लिए बिजली की रफ्तार से उक्त नोटिस को जारी किया गया है नोटिस मिलने के बाद सारी वस्तु स्थिति से कलेक्टर रतलाम तहसीलदार रतलाम एडीएम रतलाम विधायक रतलाम और हिंदुत्व के झंडा बरदार संघ के वरिष्ठ लोगों को भी अवगत करा दिया गया है की 60, 70, अवैध कब्जा धारियों को छोड़कर सिर्फ खबर पक्की के सदभाविक कब्जे को हटाने की कार्रवाई कर उक्त जमीन को अवैध कब्जा करने वालो को सौपने की तैयारी की जा रही है जबकी खबर पक्की शासन को नियमानुसार सारी राशि देने को तैयार है। खबर पक्की मुर्दो के शहर में अपनी प्राण फूंकने की मुहिम को अपनी अंतिम सांस तक जारी रखेगा चाहे उसका कितना भी आर्थिक नुकसान क्यों ना हो जाए क्योंकि 35 साल में इस शहर ने उसे बहुत कुछ दिया है इज्जत मान सम्मान प्यार प्रतिष्ठा पैसा और वह सब सूद समेत लौटाने का अब वक्त आ गया है और वह ऐसी गीदड़ भभकियों से डरने वाला नहीं है चाहे इसके लिए उसे अपने प्राणों का उत्सर्ग क्यों ना करना पड़े। कर चले हम फिदा जानो तन साथियों, अब तुम्हारे हवाले वतन साथियों। जय हिंद
